Candlestick Charts: इंट्राडे ट्रेडिंग में एंट्री-एग्जिट कैसे पकड़ें? कैंडलस्टिक चार्ट से सीखें

Candlestick Charts: इंट्राडे ट्रेडिंग शेयर मार्केट से पैसे कमाने का एक अच्छा तरीका है। Intraday trading करने के लिए आपको शेयर के चार्ट को पढ़ना आना चाहिए। इंट्राडे ट्रेडर्स दिन के अंत तक स्टॉक्स खरीदते और बेचते हैं। अतः उन्हें ट्रेड में सही समय पर एंट्री और एग्जिट करना आना चाहिए। चार्ट्स इसमें बहुत मदद करते हैं और ट्रेड के दौरान सही निर्णय लेने में मदद कर सके। आइये जानते हैं- इंट्राडे ट्रेडिंग में एंट्री-एग्जिट कैसे पकड़ें? कैंडलस्टिक चार्ट से सीखें How to Read Candlestick Charts for Intraday Trading.                

Candlestick Charts

चार्ट्स टाइमफ्रेम क्या है?

Intraday Traders किसी शेयर को कम कीमत पर खरीदकर उसे ऊंचे दाम पर उसी दिन बेचने की कोशिश करते हैं। अथवा किसी शेयर को ऊंचे दाम पर बेचकर (शार्ट सेल करके) उसी दिन कम कीमत पर खरीदने की कोशिश करते हैं। इसके लिए उन्हें शेयर बाज़ार की अच्छी समझ और जरूरी जानकारी की आवश्यकता होती है।

इंट्राडे ट्रेडर्स सेशन के अंत में उसी दिन अपनी सभी पोजीशन बंद कर देते हैं। Share Market में शेयर का प्राइस उसकी मांग और आपूर्ति (supply and demand) से तय होता है। Candlestick Chart Patterns ट्रेडर्स को शेयर के प्राइस मूवमेंट को जानने में बहुत मदद करते हैं। 

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चार्ट पर टाइमफ्रेम दिया गया होता है। Intraday trading के लिए आपको 1, मिनट 5, मिनट और 10 मिनट का का चार्ट देखना चाहिए। इसी तरह शार्ट-टर्म या स्विंग ट्रेडिंग के लिए आप 15 मिनट, 30 मिनट और आवरली चार्ट देख सकते हैं। लॉन्ग-टर्म इन्वेस्टिंग के लिए आपको डेली और वीकली चार्ट देखना चाहिए।

जितने समय के लिए आप मार्केट में पोजीशन बना रहे हैं उसी के हिसाब से आपको चार्ट भी देखना चाहिए। जब आप कम समय के लिए ट्रेड लेते हैं तो आपको चार्ट भी कम समय का ही देखना चाहिए। अगर आप लम्बे समय के लिए मार्केट में इन्वेस्ट करना चाहते हैं तो आपको चार्ट भी ज्यादा समय का ही देखना चाहिए। चार्ट देखने के लिए आप tradingview.com और moneycontrol.com वेबसाइट का उपयोग कर सकते हैं। 

Candlestick Chart की संरचना 

कई कैंडल्स से मिलकर कैंडलस्टिक चार्ट पैटर्न बनता है। जैसे मॉर्निंग स्टार, बुलिश इंगुलफिंग पैटर्न, डबल टॉप पैटर्न,  थ्री वाइट सोल्जर्स आदि कुछ कैंडलस्टिक पैटर्न के उदाहरण हैं। चार्ट को बनाने वाली कैंडलस्टिक के तीन पार्ट होते हैं। 
  1. The Body 
  2. Upper Shadow 
  3. Lower Shadow 
कैंडल्स का रंग हरा या लाल होता है और ब्लैक एंड वाइट भी हो सकता है। हरी और वाइट कैंडल बुलिश कैंडल होती है। जब शेयर का प्राइस चढ़ता है, तब हरे रंग की कैंडल बनती है। जबकि रेड और ब्लैक कैंडल बेयरिश कैंडल होती है। जब शेयर का प्राइस गिरता है, तब लाल रंग की कैंडल बनती है। प्रत्येक कैंडल समय निश्चित अवधि का प्रतिनिधित्व करता है और इनका डाटा उस दौरान किये गए ट्रेडों से मेल खाता है। 

एक कैंडलस्टिक में निम्नलिखित चार डेटा पॉइंट्स होते हैं- 
  1. Open: एक निश्चित टाइमफ्रेम में कैंडल का पहला ट्रेड, वो प्राइस जिस पर एक निश्चित टाइमफ्रेम का पहला ट्रेड होता है।  
  2. High: उस टाइमफ्रेम का हाईएस्ट ट्रेडिंग प्राइस, जिस पर शेयर खरीदा और बेचा गया। 
  3. Low: उस टाइमफ्रेम का सबसे कम ट्रेडिंग प्राइस जिस पर शेयर खरीदा और बेचा गया। 
  4. Close: एक निश्चित टाइमफ्रेम में कैंडल का आखिरी ट्रेड, वो प्राइस जिस पर एक निश्चित टाइमफ्रेम का लास्ट ट्रेड होता है। 

कैंडलस्टिक चार्ट का विश्लेषण कैसे करें? 

कैंडल की बॉडी ट्रेडिंग पीरियड के दौरान ट्रेड के ओपनिंग और क्लोजिंग प्राइस का प्रतिनिधित्व करती है। Candlestick trading के लिए यह जानना बेहद जरूरी है इसलिए ट्रेडर्स एक नजर में एक निश्चित टाइमफ्रेम में शेयर की ट्रेडिंग रेंज जान सकते हैं। 

साथ ही, कैंडल की बॉडी का रंग उन्हें बता सकता है कि stock का प्राइस बढ़ रहा है या गिर रहा है। यदि डेली प्राइस चार्ट पर प्रत्येक कैंडल के महीने के लिए कैंडलस्टिक चार्ट में लगातार लाल रंग होते हैं, तो ट्रेडर्स को पता चलता है कि शेयर की कीमत गिर रही है।

कैंडलस्टिक की बॉडी के ऊपर और नीचे वर्टिकल लाइन होती हैं, जिन्हें विक या शैडो कहा जाता है। जो स्टॉक के trading price के हाई और लो लेवल को दर्शाती हैं। कैंडल शेयर प्राइस के संबंध में निम्नलिखित संकेत देती है-
  • यदि लाल कैंडल की ऊपरी विक छोटी होती है, तो यह इंगित करता है कि स्टॉक दिन के उच्चतम स्तर (High Level) के करीब खुला है। 
  • दूसरी ओर, यदि हरे कैंडल की ऊपरी विक छोटी होती है, तो यह इंगित करता है कि स्टॉक दिन के उच्चतम स्तर के करीब बंद हुआ। 
  • एक कैंडलस्टिक ग्राफ किसी स्टॉक के open, low, high और close प्राइस के बीच संबंध को दर्शाता है।
  • कैंडल की बॉडी लम्बी,छोटी, हरी या लाल हो सकती है। साथ ही candle की शैडो लम्बी या छोटी हो सकती है। कैंडल की शैडो मार्केट के सेंटीमेंट को प्रदर्शित करती है। 
कैंडलस्टिक को पढ़ने करने के लिए निम्नलिखित कैंडलस्टिक चार्ट पैटर्न्स को जानना जरूरी है-

Candlestick Chart Patterns

कैंडलस्टिक चार्ट इन्वेस्टर्स और ट्रेडर्स के सेंटीमेंट, stock की डिमांड और सप्लाई, बेअर्स और बुल्स, फियर एंड ग्रीड के बीच संबंध को समझने का सबसे अच्छा तरीका है। ट्रेडर्स को याद रखना चाहिए कि एक candle भी पर्याप्त जानकारी देती है। लेकिन चार्ट पैटर्न, कैंडल की अगली और पिछली कैंडल्स के साथ तुलना करके निर्धारित किया जा सकता है कि कौन सा पैटर्न बना है। 

Candlestick Chart pattern का लाभ उठाने के लिए जरूरी है कि ट्रेडर्स चार्ट्स को समझें। चार्ट्स को बेहतर ढंग से समझने के लिए दो भागों में बांटा गया है। 
  1. Bullish Patterns: जिसमे शेयर का प्राइस ऊपर जाता है। 
  2. Bearish Patterns: जिसमे शेयर का प्राइस गिरता है।   

1. बुलिश कैंडलस्टिक चार्ट पैटर्न्स 

Hammer Candlestick Pattern: हैमर पैटर्न एक शक्तिशाली रिवर्सल पैटर्न है। हैमर ग्रीन या सफेद रंग का होता है। इसमें लॉन्ग लोअर शैडो होती है अपर शैडो बहुत छोटी होती है या होती ही नहीं है। हैमर एक बुलिश रिवर्सल पैटर्न होता है जो कि ज्यादातर डाउन ट्रेंड के दौरान आता है। इसके बाद मार्केट की और नीचे जाने की ज्यादा आशंका नहीं रहती है। इससे यह सन्देश मिलता है कि बॉटम आस-पास ही है। शेयर की दोबारा से कीमत ऊपर की तरफ बढ़ सकती है। 
                                                                                      
Hammer Candlestick Pattern


लॉन्ग लोअर शैडो यह इंडिकेट करती है कि सेलर प्राइस को फिर से नीचे खींचने की कोशिश करेंगे। लेकिन बायर्स इसके सेलिंग प्रेशर को कम कर देंगे। जिससे stock का प्राइस वापस ओपन प्राइस के आस-पास बंद होगा। यह देखकर कि Hammer  डाउन ट्रेंड के समय आया है। आपको शेयर की खरीदारी में जल्दबाजी नहीं करनी चाहिए। कन्फर्मेशन के लिए आप दूसरे टेक्निकल टूल MACD, MA  RSI आदि का भी यूज़ कर सकते हैं।

Inverted Hammer Candlestick Pattern: इनवर्टेड हैमर एक बुलिश रिवर्सल कैंडलस्टिक पैटर्न है। इसमें रियल बॉडी छोटी होती है तथा अपर शैडो लम्बी होती है। लोअर शैडो होती ही नहीं है या बहुत छोटी होती है। इनवर्टेड हैमर कैंडलस्टिक ग्रीन या सफेद रंग की होती है।         
Inverted Hammer Candlestick Pattern


यदि stock का प्राइस गिर रहा हो, तब Inverted hammer कैंडलस्टिक पैटर्न बनता है। तो इसे रिवर्सल का संकेत समझना चाहिए। इसकी लॉन्ग अपर शैडो संकेत करती है कि बायर्स प्राइस को ऊपर की तरफ खींचने की कोशिश कर रहे हैं।

सेलर्स प्राइस को नीचे खींचने की कोशिश करते हैं लेकिन प्राइस को नीचे बंद नहीं करवा पाते हैं। शेयर का प्राइस ओपन प्राइस के पास बंद होता है। इसका कन्फर्मेशन तब समझना चाहिए जब अगले दिन ओपनिंग प्राइस इनवर्टेड हैमर के रियल बॉडी से ऊपर खुले। इससे प्राइस के ऊपर जाने के चांस बहुत ज्यादा रहते है। 

ये भी जानें- 
Bullish Engulfing Candlestick Pattern: इसमें दूसरी कैंडल, पहली कैंडल के नीचे यानी gap down open होनी चाहिए या ओपन प्राइस पहली कैंडल के low के नीचे होना चाहिए तथा इसका क्लोजिंग प्राइस, पहली कैंडल के हाई के बराबर या उससे ऊपर होना बहुत जरूरी है। बुलिश एंगल्फिग पैटर्न चार्ट में हमेशा लम्बी गिरावट के बाद बनता है, यानी कि चार्ट के बॉटम पर बनता है। 
Bullish Engulfing Candlestick pattern


इस पैटर्न के बनने के बाद मंदी की आशंका ख़त्म हो जाती है। Bullish engulfing pattern में सबसे जरूरी बात यह है कि पहली कैंडल, दूसरी कैंडल की रियल बॉडी के अंदर ही होनी चाहिए यानी की दूसरी कैंडल की रियल बॉडी के द्वारा  पहली कैंडल को पूर्णरूप से ढक लेना चाहिए जैसा कि सूर्य ग्रहण के समय होता है।

दूसरी बुलिश कैंडल को हम तेजी का ग्रहण भी कह सकते हैं क्योंकि इसके बनने के बाद स्टॉक में  तेजी होती है। इसमें ट्रेडिंग वॉल्यूम का भी बहुत अधिक महत्व है क्योंकि पहली स्माल बीयरिश कैंडल से ज्यादा दूसरी बुलिश कैंडल में ट्रेडिंग वॉल्यूम होना चाहिए। यानी दोनों कैंडल्स में बढ़ते क्रम में ट्रेडिंग वॉल्यूम होना चाहिए।

जिस दिन Bullish engulfing pattern चार्ट पर  बनता है। उसके अगले दिन बाजार या शेयर का प्राइस gap up ओपन होना चाहिए। जिस दिन ऐसा हो उसे कन्फर्मेशन समझना चाहिए। इस पैटर्न में पहली कैंडल डोजी हो सकती है तथा दूसरी कैंडल बुलिश मारबाज़ू भी हो सकती है।  


Piercing Line Candlestick Pattern: यह दो कैंडल्स से बनने वाला पैटर्न है। जिसमें एक लंबी लाल कैंडल और उसके बाद एक लंबी हरी कैंडल होती है। साथ ही, दूसरी कैंडल का क्लोजिंग प्राइस पहली कैंडल के आधे से अधिक होना चाहिए। यह मजबूत खरीदारी दबाव का संकेत देने वाली बुलिश कैंडलस्टिक पैटर्न है। 
                                                                                 
Piercing Candlestick pattern

यह एक संभावित शार्ट-टर्म रिवर्सल डाउनट्रेंड से अपट्रेंड का संकेत देता है। इस पैटर्न में औसत या बड़े आकार की ट्रेडिंग रेंज के साथ पहले दिन शेयर price का हाई लेवल के निकट खुलना और लो लेवल के निकट क्लोज होना शामिल है। इसमें पहले दिन के बाद का अंतराल भी शामिल है। 

दूसरे दिन की trading की शुरुआत गैप डाउन होती है। यानि शेयर प्राइस लो लेवल के पैसा ओपन होता है। और हाईएस्ट लेवल के करीब बंद होता है। समापन भी एक ऐसी कैंडलस्टिक से होना चाहिए जो पिछले दिन की लाल कैंडलस्टिक बॉडी की ऊपरी लंबाई का कम से कम आधा हिस्सा कवर करता हो। 

ये भी जानें- 
Morning Star Candlestick Pattern: मॉर्निंग स्टार एक ऐसा पैटर्न है, जिसमें तीन कैंडलस्टिक्स होते हैं। जिसमें पहली कैंडल लम्बी काले लाल की होती है। दूसरी कैंडल छोटी बॉडी वाली हरे या लाल रंग की कैंडल होती है। इसमें दूसरी कैंडल का रंग मायने नहीं रखता है। इस पैटर्न की तीसरी कैंडल लम्बी हरे रंग की कैंडल हो सकती है। यह बीच की छोटी कैंडल ट्रेडर्स की अनिर्णय की स्थिती को दर्शाती है। तीसरी लॉन्ग हरे रंग की कैंडल trend reversal को दर्शाती है और नए बुलिश ट्रेंड को को चिह्नित करती है। 

Morning Star Candlestick pattern

जिसकी व्याख्या टेक्निकल एनालिस्ट के द्वारा एक तेजी के पैटर्न के रूप में की जाती है। मॉर्निंग स्टार पैटर्न डाउनट्रेंड के दौरान बनता है और मार्केट में अपट्रेंड की शुरुआत का संकेत देता है। ट्रेडर्स दूसरे इंडीकेटर्स का उपयोग करके रिवर्सल का कन्फर्मेशन कर सकते हैं।

Three White Solders Candlestick Pattern: यह तीन कैंडलस्टिक से मिलकर बना पैटर्न है, जिनकी छोटी विक होती हैं। थ्री व्हाइट सोल्जर्स एक बुलिश कैंडलस्टिक पैटर्न है। जिसका उपयोग प्राइसिंग चार्ट में मौजूदा डाउनट्रेंड के रिवर्सल होने की भविष्यवाणी करने के लिए किया जाता है।                                                          

Three white Soldiers Candlestick Pattern

पैटर्न में लगातार तीन लंबी बॉडी वाली कैंडलस्टिक्स होती हैं। जो पिछली कैंडल की रियल बॉडी के भीतर खुलती हैं। और बंद होती हैं जो पिछली कैंडल की ऊंचाई से अधिक होती हैं। इन कैंडलस्टिक्स की शैडो बहुत लंबी नहीं होनी चाहिए। और आदर्श रूप से पैटर्न में पूर्ववर्ती कैंडल के रियल बॉडी के भीतर खुलनी चाहिए। 

ये भी जानें- 

2. बेयरिश कैंडलस्टिक पैटर्न्स 

Hanging Man Candlestick Pattern: हैंगिंग मैन कैंडलस्टिक पैटर्न अपट्रेंड के दौरान बनता है, जो चेतावनी देता है कि यहाँ से Stock का प्राइस गिरना शुरू हो सकता हैं। इस कैंडल की रियल बॉडी स्माल और निचले विक लम्बी होती है। और ऊपरी विकबिल्कुल नहीं होती या बहुत छोटी होती है।  हैंगिंग मैन दर्शाता है कि ट्रेडर्स की Stock को बेचने में रुचि बढ़ने लगी है।           
Hanging Man Candlestick Pattern

यह एक बेयरिश रिवर्सल पैटर्न है, इसमें रियल बॉडी छोटी और निचली विक लम्बी होती है। इसकी लम्बाई रियल बॉडी से दोगुनी होनी चाहिए। निचली लम्बी विक यह दर्शाती है कि बेचने वालों ने ट्रेडिंग सेशन के दौरान शेयर के प्राइस को नीचे दबाये रखा। 

हैंगिंग मैन Candlestick Chart Pattern का कन्फर्मेशन तब होता है। जब अगली कैंडल बेयरिश होती है। इस पैटर्न के बनने पर ट्रेडर्स को लॉन्ग पोजीशन से बाहर हो जाना चाहिए। और शार्ट-सेल की पोजीशन बनानी चाहिए।

Bearish Engulfing Chart Pattern: बियरिश एनगल्फिंग पैटर्न एक तकनीकी चार्ट पैटर्न है, जो आने वाले समय में share के प्राइस गिरने का संकेत देता है। इस पैटर्न में पहली कैंडल एक अपट्रेंड की हरे रंग की कैंडलस्टिक होती है। इसके बाद दूसरी कैंडल रंग की बड़ी कैंडल होती है जो छोटी ऊपर वाली कैंडल को निगल लेती है यानि ढक लेती हैं।                                                                               

Bearish Engulfing Pattern

सरल शब्दों में कहें तो यह दो कैंडलस्टिक्स का एक पैटर्न है। जहां पहली कैंडल एक छोटी हरी कैंडल होती है जो एक बड़ी लाल कैंडल से घिरी हुई रहती है। यह Chart Pattern आमतौर पर अपट्रेंड के टॉप पर बनता है। यह Stock market की अपट्रेंड से डाउनट्रेंड की गिरावट का संकेत देता है। 

यदि लाल कैंडल हरी कैंडल से ज्यादा निचला लो बनती है, तो डाउनट्रेंड आमतौर पर अधिक बड़ा होता है। बेयरिश इंगुलफ़िंग पैटर्न chart पर कहीं भी आ सकता है। लेकिन अगर शेयर के प्राइस काफी बढ़ने के बाद आता है। तब इससे प्रॉफिट कमाने की संभावना काफी बढ़ जाती है। 

यह एक अपट्रेंड या बड़े डाउनट्रेंड के साथ ऊपर की ओर एक पुलबैक हो सकता है। कैंडलस्टिक्स की रियल बॉडी, उसके ओपनिंग और क्लोजिंग प्राइस के बीच का अंतर मायने रखता है क्योंकि रेड कैंडल की  रियल बॉडी द्वारा हरी कैंडल को घेरना चाहिए। वोलेटाइल market में इस Chart Pattern का बहुत कम महत्व है। 

Evening Star Pattern: यह तीन कैंडल्स से बनने वाला Candlestick Chart Pattern है। जिसमे पहली लम्बी कैंडल हरे रंग की कैंडल होती है। दूसरी कैंडल शार्ट रियल बॉडी वाली होती है। तीसरी लम्बी लाल रंग की कैंडल होती है। तीनो कैंडल्स के बीच कोई ओवरलैप नहीं होता है इसलिए यह अपट्रेंड में रिवर्सल का संकेत होता है। यदि तीसरी कैंडल, पहली कैंडल के प्रॉफिट पर काबू पा लेती है।                                                                    
Evening Star Candlestick Patern

Shooting Star Candlestick Pattern 

शूटिंग स्टार एक बेयरिश रिवर्सल कैंडलस्टिक पैटर्न है। जिसकी ऊपरी विक लम्बी होती है और निचली विक छोटी होती है या बिल्कुल भी नहीं होती है। इसकी रियल बॉडी दिन के लो लेवल के पास होती है। शूटिंग स्टार पैटर्न अपट्रेंड के बाद बनता है। शूटिंग स्टार कन्फर्मेशन के लिए जरूरी है कि यह अपट्रेंड के दौरान बनना चाहिए।                                                         
Shooting Star chart pattern

साथ ही दिन का हाई प्राइस और ओपनिंग प्राइस के बीच की दूरी इसकी रियल बॉडी की दोगुनी होनी चाहिए। इसकी रियल बॉडी की निचली विक बहुत छोटी या बिल्कुल भी नहीं होनी चाहिए। शूटिंग स्टार Candlestick Pattern अपट्रेंड के दौरान बनता है, जो संकेत देता है कि अब शेयर के प्राइस गिर सकता है।

ट्रेडर्स आमतौर पर यह देखने के लिए इंतजार करते हैं कि शूटिंग स्टार के बाद अगली कैंडल (अवधि) क्या करती है? यदि अगली अवधि के दौरान कीमत में गिरावट आती है तो ट्रेडर्स अपनी लॉन्ग पोजीशन को बंद कर सकते हैं और आगे शार्ट-सेल की पोजीशन भी बना सकते हैं।

Stocks market के चार्ट को read करने और समझने में Candlestick Chart पैटर्न्स महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं।ऐसे कई अन्य पैटर्न हैं, जिनका पालन market trend और मार्केट सेंटीमेंट को समझने के लिए किया जा सकता है। कैंडलस्टिक चार्ट का विश्लेषण कैसे करें?

स्टॉक मार्केट की गतिविधियों को समझने के लिए इन पैटर्नों में गहराई से गोता लगाने के तरीके को समझने के लिए आप इस आर्टिकल के शुरुआती बिंदु को ध्यान से पढ़ सकते हैं।
 
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